कटनी में कांग्रेस के विरोध प्रदर्शन के दौरान उस वक्त हालात तनावपूर्ण हो गए, जब भाजपा कार्यकर्ता और विधायक कांग्रेस कार्यकर्ताओं के सामने आ गए। इंदौर में दूषित पानी से हुई मौतों के विरोध में कांग्रेस विधायक निवास के बाहर धरना दे रही थी, इसी दौरान भाजपा विधायक और कार्यकर्ताओं ने वहीं आरती का कार्यक्रम आयोजित कर दिया।
कांग्रेस कार्यकर्ता विधायक निवास के बाहर घंटा बजाकर प्रदर्शन कर रहे थे, तभी भाजपा विधायक संदीप जायसवाल अपने समर्थकों के साथ आरती की थाली लेकर मौके पर पहुंचे। दोनों पक्षों के आमने-सामने आने से माहौल गर्मा गया और कांग्रेस व भाजपा कार्यकर्ताओं के बीच तीखी नोकझोंक शुरू हो गई।
स्थिति बिगड़ती देख मौके पर मौजूद पुलिस ने हस्तक्षेप किया और कांग्रेस कार्यकर्ताओं को विधायक निवास से हटाने के लिए बल प्रयोग किया। पुलिस ने बैरिकेडिंग कर कांग्रेस कार्यकर्ताओं को आगे बढ़ने से रोका, इस दौरान पुलिस और कांग्रेस कार्यकर्ताओं के बीच धक्का-मुक्की भी हुई।
प्रदर्शन के दौरान भाजपा कार्यकर्ता नाचते-झूमते नजर आए, जिस पर कांग्रेस नेताओं ने सवाल उठाते हुए कहा कि इंदौर में दूषित पानी से लोगों की मौत के बावजूद भाजपा संवेदनहीन रवैया अपना रही है।
घटना की गंभीरता को देखते हुए मौके पर तहसीलदार, एसडीएम और विभिन्न थानों के अधिकारी भारी पुलिस बल के साथ मौजूद रहे। काफी देर तक राजनीतिक गहमागहमी के बाद स्थिति को नियंत्रण में लिया गया।
कटनी विधायक संदीप जायसवाल ने कांग्रेस द्वारा घंटा बजाकर किए गए प्रदर्शन को धर्म का अपमान बताया, वहीं कांग्रेस जिला अध्यक्ष अमित शुक्ला ने इसे लोकतंत्र में ओछी राजनीति करार दिया। महिला कांग्रेस जिला अध्यक्ष रजनी वर्मा ने पुलिस द्वारा किए गए बल प्रयोग को गलत बताया।


