कटनी :खांसी-जुकाम में राहत देने वाली कफ सिरप अब जानलेवा ज़हर बन गई है! मध्यप्रदेश के छिंदवाड़ा में 9 मासूम बच्चों की मौत, जबकि राजस्थान के भरतपुर और सीकर में दो बच्चों की जान इसी सिरप से चली गई। जैसे ही यह मामला सामने आया, कटनी जिला प्रशासन सतर्क मोड में आ गया है। कटनी कलेक्टर आशीष तिवारी ने स्वास्थ्य विभाग को कड़े निर्देश दिए हैं कि जिले की सभी मेडिकल दुकानों की जांच तुरंत कराई जाए। जहां भी छिंदवाड़ा में पाई गई संदिग्ध कफ सिरप मिले, उसका पूरा स्टॉक जब्त किया जाए। साथ ही यह भी जांच की जाए कि यह सिरप की सप्लाई कहां से हो रही है और वितरण किसने किया।
कटनी कलेक्टर आशीष तिवारी ने बताया कि हमें छिंदवाड़ा के इस गंभीर मामले की जानकारी है। हमने कटनी जिले के स्वास्थ्य विभाग को निर्देश दिया है कि जिले के सभी मेडिकल शॉप की जांच कराई जाए। यदि इस तरह की सिरप कहीं भी पाई जाती है तो उसका स्टॉक जब्त कर नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। साथ ही सप्लाई चेन का भी पता लगाया जा रहा है।.. छिंदवाड़ा में हुई बच्चे के मौत के मामले में प्रारंभिक जांच रिपोर्ट में चौंकाने वाला खुलासा हुआ है,कफ सिरप में डायएथिलीन ग्लाइकॉल नामक रासायनिक पदार्थ पाया गया है, जो शरीर के लिए अत्यंत विषैला होता है।
इसी जहरीले तत्व के कारण बच्चों की किडनियां फेल होने से उनकी मौत हुई है।स्वास्थ्य विभाग ने लोगों से अपील की है कि बच्चों को कोई भी कफ सिरप देने से पहले डॉक्टर की सलाह ज़रूर लें और संदिग्ध दवा की सूचना तत्काल प्रशासन को दें।


