कटनी जिले में नाबालिक युवती,युवक के गुमशुदा होने के मामले लगातार बढ़ते जा रहे हैं। इनमें से दो मामले मानव तस्करी से जुड़े पाए गए हैं, जबकि अधिकतर मामलों में प्रेम प्रसंग और घरेलू नाराज़गी कारण बन रहे हैं। राहत की बात यह है कि पुलिस ने मुस्कान अभियान के तहत अब तक बड़ी सफलता हासिल की है।
कटनी जिले के एडिशनल एसपी संतोष डेहरिया ने बताया कि जनवरी से अब तक जिले के 159 नाबालिक लड़कियां और 34 लड़के लापता हुए थे। पुलिस ने मुस्कान अभियान के तहत 155 नाबालिक लड़कियों और 34 लड़कों को देशभर के अलग-अलग राज्यों जैसे साउथ,राजस्थान,जयपुर, झांसी से ढूंढ निकालकर उनके परिजनों को सुरक्षित सौंप दिया है। इस दौरान मानव तस्करी के दो गंभीर मामले भी सामने आए।पहला मामला रंगनाथ नगर थाना क्षेत्र का था, जहां एक महिला ने नाबालिक लड़की को बहला-फुसलाकर झांसी ले जाकर बेच दिया और जबरन शादी करा दी। दूसरा मामला कोतवाली थाना क्षेत्र का था, जहां भी एक महिला ने नाबालिक युवती को राजस्थान में बेच दिया। दोनों ही मामलों में पुलिस ने पीड़ित लड़कियों को बरामद कर उनके परिजनों को सौंपा और आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है।
फिलहाल, पुलिस 4 गुमशुदा नाबालिक लड़कियों और 3 लड़कों की तलाश में जुटी हुई है और जल्द ही उन्हें भी खोजकर उनके परिजनों को सौंप दिया जाएगा। एडिशनल एसपी संतोष डेहरिया ने बताया कि गुमशुदगी के करीब 60 प्रतिशत मामले प्रेम प्रसंग से जुड़े हुए थे, वहीं 40 प्रतिशत मामले ऐसे थे, जहां नाबालिक घरवालों से नाराज होकर या काम की तलाश में दूसरे राज्यों में चले गए थे।


